नई दिल्ली, नीलू सिंह। ग्रेटर नोएडा वेस्ट की ऐस सिटी सोसाइटी में चार्टर्ड अकाउंटेंट की पत्नी ने अपने मानसिक रूप से बीमार बेटे को तेरहवीं मंजिल से धक्का देकर खुद भी छलांग लगा ली। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। बताया जा रहा है कि महिला मानसिक रूप से बीमार बेटे को लेकर काफी परेशान थी।
बिसरख कोतवाली पुलिस ने बताया कि उत्तराखंड के काशीपुर जिले के गढ़ी नेगी गांव के रहने वाले दर्पण चावला गुरुग्राम की कंपनी में चार्टर्ड अकाउंटेंट हैं। शनिवार की सुबह करीब 10:00 बजे दर्पण चावला की 37 वर्षीय पत्नी साक्षी चावला और 11 वर्षीय बेटे दक्ष चावला ने अपने फ्लैट की बालकनी से छलांग लगा दी। दोनों को अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की छानबीन की। पुलिस को महिला के कमरे से एक सुसाइड नोट मिला है। इसमें महिला ने पति से माफी मांगते हुए लिखा है कि उनकी मौत के लिए कोई जिम्मेदार नहीं है। पुलिस के मुताबिक घटना के समय दर्पण चावला घर में सो रहे थे।
पुलिस के मुताबिक सोसाइटी में साक्षी चावला अपने बेटे दक्ष चावला और पति दर्पण चावला के साथ रहती थी। महिला का 11 साल का बेटा दक्ष चावला मानसिक रूप से बीमार था। साक्षी अपने बेटे की बीमारी को लेकर परेशान थी। बेटे की सलामती को लेकर माता-पिता गुरुद्वारों में भी जाते थे। वहां भी अरदास लगाई, लेकिन वह ठीक नहीं हुआ। पढ़ाई के लिए बच्चे का स्कूल में एडमिशन भी नहीं कराया गया था। बच्चे की दवाइयां चल रही थीं। शुक्रवार को भी महिला पंजाब के जालंधर से बच्चे को दवाइयां दिलवाकर लाई थी। महिला बच्चे को अकेला नहीं छोड़ती थी। महिला बेटे की बीमारी से काफी टूट चुकी थी। इसके बाद से वह मानसिक रूप से परेशान थी। पुलिस के मुताबिक फ्लैट की बालकनी में एक कुर्सी मिली है। आशंका है कि महिला ने बेटे को कुर्सी पर खड़ा कर नीचे धक्का दिया। इसके बाद खुद कूद गई। पुलिस घटना की जांच के लिए आसपास लगे सीसीटीवी की फुटेज भी देख रही है। एक फ्लैट की बालकनी में कैमरा लगा है, लेकिन वह काफी दिन से बंद था। इसलिए दूसरे कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही। पुलिस ने बताया कि चार्टर्ड अकाउंटेंट दर्पण चावला घटना के समय घर में सो रहे थे। उन्होंने पुलिस को बताया कि वह करीब 9:30 बजे उठे। उन्होंने पत्नी से बेटे को दवा देने के लिए कहा। इसके बाद वह दूसरे कमरे में जाकर सो गए। आसपास रहने वाले लोगों ने बताया कि महिला ने घटना से पहले घरेलू सहायिका से बात की थी। इसके बाद वह बेटे को लेकर बालकनी में घूमती रही। करीब 10:00 बजे दर्पण चावला को पता चला कि पत्नी और बेटे नीचे गिर गए हैं। वह तुरंत दोनों को अस्पताल लेकर गए, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। दर्पण चावला ने बताया कि सुसाइड नोट से उन्हें पत्नी और बेटे की खुदकुशी के बारे में पता चला। दर्पण चावला के घर के पास रहने वाले सोसाइटी के लोगों ने बताया कि उन्होंने शनिवार सुबह करीब 10 बजे चीख सुनी। नीचे देखा तो मां और बेटा गंभीर हालत में पड़े थे। उन्हें भी यह समझ नहीं आ रहा कि इतनी बड़ी घटना कैसे हो गई। हर कोई इस घटना को लेकर दुख व्यक्त कर रहा।
