लखनऊ, राजेंद्र तिवारी। मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) नवदीप रिणवा ने मंगलवार को यूपी की ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी की। इसके अनुसार विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (एसआईआर) में 2.89 करोड़ मतदाताओं के नाम काट दिए गए हैं। यूपी में कुल 15.44 करोड़ मतदाता थे और अब 12.55 करोड़ मतदाता रह गए हैं। वहीं वोटर लिस्ट में शामिल 12.55 करोड़ मतदाताओं में से 91.75 प्रतिशत की मैपिंग कर ली गई है। जिन करीब 8.25 प्रतिशत लोगों के नाम मैपिंग में नहीं मिले हैं, उन 1.04 करोड़ मतदाताओं को नोटिस जारी कर दस्तावेज मांगे जाएंगे।मतदाता सूची पर दावे व आपत्तियां 6 फरवरी तक की जा सकेंगी। सबसे ज्यादा 12 लाख मतदाताओं के नाम लखनऊ में कटे हैं। महोबा में सबसे कम 85354 वोटरों के नाम ही कटेंगे।
मंगलवार को मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) नवदीप रिणवा ने लोक भवन में पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने बताया कि जो ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल 12.55 करोड़ में से 11.55 करोड़ लोगों यानी 91.75 प्रतिशत लोगों की मैपिंग चुनाव आयोग ने कर ली है। यह वह मतदाता हैं, जिनके नाम का मिलान वर्ष 2003 की मतदाता सूची से कर लिया गया है। यह वे वोटर हैं, जिनका या तो खुद का नाम या फिर माता-पिता का नाम, बाबा-दादी का नाम और नाना-नानी का नाम वर्ष 2003 की मतदाता सूची में था। ऐसे में अब इन्हें कोई नोटिस नहीं जाएगी। वहीं बचे 1.04 करोड़ यानी 8.25 प्रतिशत लोगों को नोटिस भेजी जा रही है। नोटिस जारी होने के बाद उनसे दस्तावेज मांगे जाएंगे। फिर जांच में सही पाए जाने पर ही उन्हें वोटर बनाया जाएगा। ड्राफ्ट मतदाता सूची सीईओ की वेबसाइट ceouttarpradesh.nic.in पर उपलब्ध है। यहां मतदाता अपना नाम देख सकते हैं। अगर उनका नाम सूची में नहीं है तो 6 फरवरी तक दावे व आपत्तियां कर सकते हैं। वहीं मंगलवार से ही 27 फरवरी तक दावे व आपत्तियों का निस्तारण किया जाएगा। 6 मार्च को अंतिम मतदाता सूची जारी की जाएगी। 27 अक्तूबर 2025 से एसआईआर की घोषणा की गई और उस समय मतदाता सूची में शामिल 15.44 करोड़ लोगों के नाम फ्रीज कर दिए गए। चार नवंबर से गणना चरण शुरू हुआ। पहले 4 दिसंबर, फिर 11 दिसंबर और तीसरी बार 26 दिसंबर तक गणना चरण को बढ़ाया गया। ड्राफ्ट मतदाता सूची के प्रकाशन की तिथि भी 31 दिसंबर से बढ़ाकर 6 जनवरी की गई। जिन 2.89 करोड़ मतदाताओं के नाम काटे गए उनमें से स्थानांतरित व अनुपस्थित मतदाता 2.17 करोड़, मृत मतदाता 46.23 लाख और मतदाता सूची में एक से अधिक स्थानों पर नाम वाले 25.47 लाख मतदाताओं के नाम सूची से काटे गए। अब 12.55 करोड़ मतदाताओं की ड्राफ्ट सूची जारी की गई। लखनऊ के बाद दूसरे नंबर पर प्रयागराज में 11.56 लाख और तीसरे नंबर पर कानपुर नगर में 9.02 लाख वोटरों के नाम कट गए हैं। सीईओ नवदीप रिणवा ने बताया कि यूपी की ड्राफ्ट मतदाता सूची में अपना नाम ढूंढ़ने के लिए सर्वप्रथम पोर्टल https://voters.eci.gov.in पर जाएं। यहां पर मतदाता सूची में देखें अपना नाम कॉलम पर क्लिक करें। फिर अपने मतदाता पहचान पत्र का नंबर उसमें डालें। फिर मतदाता अपने राज्य, अपना नाम एवं रिश्तेदार का नाम, आयु, जन्मतिथि, लिंग, जनपद व विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र का विवरण भरकर अपनी मतदेय स्थल (बूथ) संख्या व नाम देख सकता है। अगर मतदाता पहचान पत्र के साथ वोटर का मोबाइल नंबर लिंक है तो वह इसी पर ऑनलाइन ही अपने मोबाइल नंबर पर ओटीपी के माध्यम से भी बूथ संख्या व अपना नाम देख सकता है। ऐसे मतदाता 13 दस्तावेजों में से कोई एक दस्तावेज निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी को देंगे। जिसमें जन्म प्रमाण पत्र, पासपोर्ट, शैक्षिक प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, नागिरक रजिस्टर, परिवार रजिस्टर में नाम, सरकार की ओर से भूमि व मकान आवंटन प्रमाण पत्र, कर्मचारी व पेंशनभोगी को जारी पहचान पत्र, पेंशन भुगतान आदेश, वन अधिकार प्रमाण पत्र और एक जुलाई 1987 से पहले सरकार, स्थानीय प्राधिकरणों, बैंकों, डाकघरों इत्यादि की ओर से जारी पहचान पत्र, प्रमाण पत्र या अभिलेख सहित अन्य शामिल हैं। सीईओ ने बताया कि 4 नवरंबर 2025 को एसआईआर शुरू हुआ तो और गणना चरण 4 दिसंबर तक चला। मगर फिर इसे 11 दिसंबर तक बढ़ाया गया और उस समय कुल 15.44 करोड़ में से 2.97 करोड़ मतदाताओं के नाम सूची से काटने के लिए चिह्नित किए गए। मगर फिर एक मौका और देते हुए 26 दिसंबर तक इसे बढ़ाया गया। बीएलओ और राजनीतिक दलों के बीएलए को बूथवार सूची दी गई और फिर स्थानांतरित व अनुपस्थित मतदाताओं को ढूंढ़ने का काम इन 15 दिनों में किया गया। आखिरकार 8 लाख मतदाता मिल गए। अब 2.89 करोड़ के नाम काटे गए हैं। सीईओ ने बताया कि 27 अक्तूबर को फ्रीज की गई मतदाता सूची में जो फोटो मतदाता की थी वही रहेगी। ऐसे तमाम मतदाता हैं जिन्होंने गणना प्रपत्र पर नवीनतम फोटो नहीं लगाई है, मगर उनकी मैपिंग हो गई है तो पहले की सूची में जो फोटो थी वही रहेगी। जिन्होंने फोटो दी है उनकी मतदाता सूची में फोटो अपडेट हो जाएगी।
